न्यायोचित कराधान

भारत में कई वर्षों से असमानता बढ़ती जा रही है। कुछ ऐतिहासिक कारकों और वर्तमान नीतियों के कारण उत्पन्न धन के इस संकेंद्रण पर अगर ध्यान नहीं दिया गया तो यह कई लोगों के...

वित्त: एक प्रवेशिका

सेंटर फॉर फाइनेंसियल एकाउंटेबिलिटी (सीएफए) द्वारा प्रकाशित वित् पर यह प्रवेशिका (प्राइमर), वित्त के विशाल और उभरते कैनवास में जिन विभिन्न अवधारणाओं, साधनों और नीतियों का आमतौर पर उपयोग किया जाता है, उनका एक बहुत ही सक्षम वर्णन प्रदान करता है। जो कोई भी भारतीय अर्थव्यवस्था में बैंकों के साथ ही कॉर्पोरेट्स के वित्तीय लेनदेन की फैलती दुनिया से परिचित होना चाहता है, उसको यह प्रवेशिका अवश्य पढ़ना चाहिए। मैं सभी – छात्र, शोधकर्ता, आम नागरिक के साथ-साथ मुद्रा बाज़ार  के विशेषज्ञ जो सरकार में नीति निर्माताओं के कार्य में शामिल हैं, जो वित्त की समझ बढ़ाने के साथ उससे परिचित होना चाहते हैं,...

कोरोना वायरस: ठेका श्रमिकों की बढ़ीं मुश्किलें, ऐसे कर रहे गुजारा

हमारे देश में बिजली पैदा करने का प्रमुख संसाधन कोयला है, पर धरती की छाती चीरकर उसे निकालने वाले मजदूरों की बदहाली जहां-की-तहां है। पिछले साल कोविड-19 के कारण देश भर में लगे ‘लॉकडाउन’...